लक्षद्वीप को लेकर भारत के समर्थन में इजराइल भी आ गया है। पीएम मोदी और पीएम नेतन्याहू ki दोस्ती की झलक इसमें देखने को मिलती है। इजराइल ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट की जमकर तारीफ की है। साथ ही उसने यह भी ऐलान किया है कि इसराइल इस केंद्र शासित प्रदेश में समुद्री पानी को साफ करने के लिए प्रोजेक्ट कल से ही शुरू कर देगा।
दरअसल, ये पोस्ट भारत के इजरायली दूतावास के ऑफिशल एक्स हैंडल से किया गया है। इसमें लिखा गया है कि डिसेलिनेशन प्रोजेक्ट शुरू करने के भारत सरकार के अनुरोध पर हम पिछले साल लक्षद्वीप गए थे। इजराइल कल से ही इस परियोजना पर काम शुरू करने के लिए तैयार हैं। ये तस्वीरें उन लोगों के लिए है जो अभी तक लक्षद्वीप की सुंदरता को नहीं देख पाए हैं। इन तस्वीरों में इस द्वीप के मन मोहक और आकर्षक दृश्यों को देखा जा सकता है।
अब सवाल ये भी होगा कि डिसेलिनेशन तकनीक आखिर होती क्या है? तो आपको जानकारी के लिए बता दें कि इजरायल के पास समुद्र के खारे पानी को मीठे पानी में बदलने की तकनीक है, जिसे डिसेलिनेशन कहते हैं। इस तकनीक के जरिए पानी को पीने योग्य बनाया जा सकता है। अभी लक्षद्वीप में मीठे पानी को लेकर कुछ दिक्कतें हैं जिसे जल्द ही इस तकनीक के जरिए सुलझाया जा सकता है। माल्दीव को लेकर विवाद तब शुरू हुआ था जब पीएम मोदी की लक्षद्वीप यात्रा के बाद पीएम मोदी ने कुछ तस्वीरें शेयर की थी और दुनिया भर के लोगों का ध्यान इन तस्वीरों ने अपनी तरफ खींचा था।
इसमें एक देश मालदीव्स बेटा जो अपने बीचेज के लिए काफी जाना जाता है और भारत से टुरिस्ट भारी मात्रा में इस देश की यात्रा का करते है। कॉन्ट्रोवर्सी तब शुरू हुई थी जब सोशल मीडिया पर जनता ने लिखना शुरू किया कि भारत का लक्षद्वीप इतना सुंदर है तो माल्दीव जाने की क्या जरूरत है? पीएम मोदी की तस्वीरों को देखकर माल्दीव सरकार के तीन मंत्रियों ने आपत्तिज�
