पहाड़ों पर बर्फबारी ने मैदानी क्षेत्रों को कंपाया
पहाड़ों में बर्फबारी से उत्तर भारत के मैदानी क्षेत्रों के तापमान में तेजी से गिरावट आई है। पंजाच, हरियाणा, राजस्थान एवं उत्तर प्रदेश के कई स्थानों का न्यूनतम तापमान गिरकर पांच डिग्री सेल्सियस से नीचे आ गया है। दिल्ली का न्यूनतम तापमान 4.9 डिग्री सेल्सियस तक लुढुक गया है, जो शिमला के न्यूनतम तापमान 6.8 डिग्री से करोच दो डिग्री कम है। मौसम विभाग (आइएमडी) का मानना है कि न्यूनतम तापमान में अगले चार से पांच दिनों तक राहत मिलने की उम्मीद नहीं है।
एक-दो दिनों में उत्तर भारत के कई क्षेत्रों में शीतलहर की आशंका है। दिल्ली और हरियाणा के हिसार का तापमान शीतलहर के करीब पहुंच चुका है। बिहार झारखंड का तापमान भी तेजी से गिर रहा है। आइएमडी के अनुसार, दिल्ली में शुक्रवार की सुबह इस मौसम में पहली बार तापमान पांच डिग्री (4.9 डिग्री) से नेचे चला गया है,
जो सामान्य से लगभग चार डिग्री कम है। एक दिन पहले दिल्ली का न्यूनतम तापमान 6.2 डिग्री सेल्सियस था। हालांकि अभी शीतलहर की स्थिति नहीं है। मैदानी इलाके में शीतलहर की स्थिति तब बनती है, जब न्यूनतम तापमान चार डिग्री या उससे कम हो जाता है। तापमान दो डिग्री से नीचे जाने पर गंभीर शीतलहर की चेतावनी जारी की जाती हैं। दिल्ली और हिसार का मौसम कभीभी शीतलहर में बदल सकता है, क्योंकि न्यूनतम तापमान अभी थोड़ा ही ऊपर है। दिल्ली की सुबह के ठिठुरन का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि मैदानी इलाकों में अमृतसर को सर्वाधिक ठंडा माना जाता है, जिसका न्यूनतम तापमान 5.4 डिग्री है। इसी तरह राजस्थान के चुरू का न्यूनतम तापमान भी दिल्ली से 2.5 डिग्री ज्यादा है। उत्तर प्रदेश के मेरठ, बरेली, लखनऊ, बहराइचऔर गौरखपुर का न्यूनतम पारा 10 डिग्री से नीचे खिसक गया है। हरियणा-पंजाब के सभी क्षेत्रों का न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से कम है। सुबह और देर रात का तापमान तो कम हैं, लेकिन वैपहर का तापमान अभी भी सामान्य से ऊपर है। वै-तीन दिन में पश्चिमी विक्षीभ के फिर से सक्रिय होने से पहाड़ों पर बर्फबारी बढ़ सकती है। मैदानी क्षेत्रों में कहीं-कहीं क्यों होने के आसर हैं।
पंजाब में घना कोहरा
पंजाब के कई इलाकों में घना कोहरा देखा गया है। इसके चलते पटियाला में दृश्यता 25 मीटर एवं अमृतसर में 50 मीटर है। मौसम विभाग का मानना है कि अगले चार से पांच दिनों के भीतर पंजाब एवं हरियाणा के शेष हिस्सों में में कोहरा और घना हो सकत है, जो बढ़ते हुए दिल्ली एवं आसपास के इलाकों तक पहुंच सकता है। स्काइमेट का मानना है कि 23-24 दिसंबर से पंजाब-हरियाणा के कई हिस्सों में वर्षा की संभावना बन रही है। उसके बाद ही कोहरा पना हो सकता है। देश के शेष भाग में कहीं भी फोहरा नहीं है, लेकिन उत्तर प्रदेश एवं बिहार में सुबह में हल्की धुंध देखी जा रही है।

